Sunday, August 26, 2012

रहने दे

काट दे काट दे वो सारे दोर तू काँप दे
फूँक दे फूँक दे वो सारे घर तू फूँक दे

तोड दे मरोड दे वो सारे रिश्ते छोड दे
फेक दे फेक दे सुखदुख तू फेक दे

बेच दे बेच दे वो अपनापन बेच दे
पोछ दे पोछ दे वो सारे आसू पोछ दे

मार दे मार दे हर मुश्किल को तू मात दे
छाट दे छाट दे हर उंगली को तू छाट दे

खींच दे खींच दे हर मंजिल को तू खींच दे
सींच दे सींच दे हर बीज को तू सींच दे

तेल दे तेल दे हर दिये को तू तेल दे
मोल दे मोल दे हर जिए को तू मोल दे

खिलने दे खिलने दे हर कली को तू खिलने दे
खेलने दे खेलने दे हर बच्चे को तू खेलने दे

मिटा दे मिटा दे वो सारे गम मिटा दे
मना दे मना दे हर हंसी का मातब मना दे

बहने दे बहने दे थोडा पसीना बहने दे
रहने दे रहने दे कुछ अरमान अंदरही रहने दे

Saturday, August 25, 2012

जरा घूम ले

क्यों बैठे हो ऐसे उदास
चख ले जिंदगी की मिठास
दिमागपर दे थोडा जोर
होंगे सब टेन्शन कमजोर

छोड दे तेरा यह आसन
कर दे उसे कडक शासन
चल ढूंढ ले नई कश्ती
जला दे एक और बत्ती

देख दुनिया के अनोखे रंग
क्यों चाहे किसी का संग
जब खुदपर है यकीन
बन जाए सब हसीन

कर मुश्कीलों को अपना यार
वो भी हो जाए दिलदार
हो जा लहरों पर सवार
लगा जोर की ललकार

मेरे भाई ये है एक यात्रा
कट जाएगी कतरा कतरा
बस तू भी थोडा घूम ले
अपनीही मस्ती मे झूम ले

कारवाँ

चला यादों का कारवाँ
पलों को समेटते हुए
पलकों को भिगोते हुए
चल पडा है यह कारवाँ

कुछ काटती हुई यादें
कुछ चुभती हुई यादें
कभी हसनेवाली
और ज्यादातर रूलानेवाली यादें

यह है न रूकनेवाला कारवाँ
न अपनों की न है परायों की परवा
भीड को चिरते हुए आगे निकल रहा है यह कारवाँ

राहें

भावनाओंका जलाकर
विचारोंको निगलकर
उम्मीदोंको कुचलकर
इक राह पर चल दिया

दोस्तोंको भूलाकर
अपनोंको ठुकराकर
रिश्तोंको तोडकर
इक राह पर चल दिया

अंजान मंजिल
बेजान राहें
बेहोश सपने
धीमी आहें
फिर भी इस राह पर चल दिया

रूह से तेज धार
सासों पर सवार
धडकनों की रफ्तार
मन के उस पार
ऐसी इक राह पर चल दिया